FLT LT RAIZADA HARBANS CHAWDHRY
KIRTI CHAKRA
Award
KIRTI CHAKRA
Year of Award
1953 (Republic Day)
Service Particulars of Awardee
WG CDR RH CHAWDHRY, KC (2952) AE(M) (Retd)
Rank at time of Award
FLT LT
Father's Name
Shri RB Chawdhry
Mother's Name
NA
Domicile
Jalandhar (Punjab)

Citation

06 अक्तूबर, 1915 को लगभग 1430 बजे तुर्की में भारतीय वायु सेना का डकोटा वायुयान दुर्घटनाग्रस्त हो गया जिसमें एयर कमोडोर नरेन्द्र सहित पांच वायुकर्मी (एयरक्रू) षहीद हो गए। फ्लाइट लेफ्टिनेंट आर एच चौधरी उस दुर्घटना में बचने वाले दो लोगों में से एक थे।  
    जब वायुयान दुर्घटनाग्रस्त हुआ, तब फ्लाइट लेफ्टिनेंट आर एच चौधरी वायुयान के मलबे से दूर जा गिरे और उनके हाथ और घुटने में गंभीर चोटें लगी। इसके बावजूद इन्होंने अदम्य साहस और आत्म बलिदान का परिचय दिया। वायुयान दुर्घटना के बाद अत्यंत विकट परिस्थितियों में इनका कार्य असाधारण बहादुरी और धैर्य का एक उत्कृश्ट उदाहरण है। इन्होंने दूसरे जीवित बेहोष पायलट एम.एम. दत्त को जलते हुए वायुयान से बाहर खींच लिया जिनकी जांघ की हड्डी टूट गई थी। इस प्रकार इन्होंने एक कॉमरेड को मौत के मुंह से बाहर निकाला। इसके बाद में अन्य घायलों को बचाने के लिए दौड़ पड़े और अपने रेनकोट के साथ दमघोंटू आग की लपटों में आगे बढ़े और गर्मी और धुएं के बावजूद मलबे में फंसे लोगों को बाहर निकालने का प्रयास किया। ये अत्यंत विपरीत परिस्थितियों के बावजूद तब तक प्रयासरत रहे जब तक कि वायुयान के मुख्य टैंक में धमाका नहीं हो गया जिससे इनका आगे बढ़ना असंभव हो गया। 
    इन्होंने दूसरे जीवित पायलट अफसर एम. एम. दत्त की सुरक्षा के लिए कामचलाऊ प्रबंध किए और मदद के लिए रात भर अनजान पहाड़ी क्षेत्र में अत्यंत कठिनाइयों के साथ 6 से 7 किलोमीटर तक पैदल चले।  

FLT LT RAIZADA HARBANS CHAWDHRY